· गाँधी व्यक्ति नहीं पूरा शास्त्र है |
· गाँधी के ज्ञान विजेताओं के पुरस्कार पाकर खेले चेहरे |
· देश के कोने कोने से आये गाँधी के ज्ञान प्रतियोगिता के 30 विजेता |
· गाँधी के ज्ञान प्रतियोगिता के विजेताओं का पुरस्कार वितरण संपन्न |
सोसाइटी हैज ईव इंटरनेशनल चैरिटेबल ट्रस्ट के द्वारा विभिन्न सामाजिक संगठनों के साथ मिलकर 1 सितम्बर से 30 सितम्बर तक महात्मा गांधी जी की 150 वीं जन्म जयंती के उपलक्ष में आयोजित की गई ‘महात्मा गाँधी का ज्ञान’ प्रतियोगिता के तीस विजेताओं का पुरस्कार वितरण समारोह कोटा के स्थानीय स्काउट एंड गाइड मुख्यालय में किया गया | पुरस्कार वितरण समारोह के मुख्य अतिथि प्रधान स्थानीय संघ कोटा, डॉ. मुकेश मोहन दाधीच, अध्यक्षता समाजसेवी एवं बाल कल्याण समिति के पूर्व सदस्य अरुण भार्गव एवं विशिष्ट अतिथि डॉ. सुषमा आहूजा, स्काउट एंड गाइड के मंडल सचिव व चाइल्ड लाइन नोडल कमीश्नर यज्ञ दत्त हाडा और राजकीय महिला पोलिटेक्निक महाविद्यालय के वरिष्ट प्रवक्ता सुनील चतुर्वेदी रहे | कार्यक्रम के प्रारंभ में प्रतियोगिता की निदेशक डॉ. निधि प्रजापति ने अपने उद्बोधन में गाँधी के जीवन पर प्रकाश डालते हुए उनके द्वारा दिए 11 व्रतों सत्य, अहिंसा, अस्तेय, अपरिग्रह, ब्रह्मचर्य, अभय, अस्वाद, अस्पृश्यता का उल्लेख किया aतथा बताया की प्रतियोगिता का प्रमुख उद्देश्य महात्मा गाँधी के सामाजिक, राजनैतिक, धार्मिक और आध्यात्मिक जीवन से सम्बंधित जानकारी आम जन तक पहुचना था | मुख्य अतिथि डॉ. मुकेश मोहन दाधीच ने गाँधी के द्वारा किये गए राजनैतिक गतिविधियों की जानकारी दी एवं कहा की गाँधी भारतीय ही नहीं वैश्विक महत्व के व्यक्तिव थे इसीलिए पुरे विश्व में उन्हें सत्य और अहिंसा के लिए पूजा जाता है | वही अध्यक्षता कर रहे अरुण भार्गव ने किसी भी बदलाव के कार्य के लिए स्वयं पहल करने का आव्हान किया | यज्ञ दत्त हाडा ने युवाओं से गाँधी के स्वच्छ और स्वस्थ्य भारत के सपने को पूरा करने के लिए जागरूकता कार्यक्रम करने का अनुरोध किया | उन्होंने कहा की युवाओं को अपने आस-पास क्षेत्रों में विभिन्न मौसमी बिमारियों से बचाव और शराब, तम्बाकू और गुटके से दूर रहना चाहिए | कार्यक्रम का संचालन सोनी निहलानी और प्रियंका प्रजापति ने किया | कार्यक्रम की प्रचारिका नीतू मेहता भटनागर और शोभा कँवर ने बताया की प्रतियोगिता के 30 विजेता कुरुक्षेत्र हरियाणा, कांकेर छतीसगढ़, महु मध्यप्रदेश, दिल्ली, दौसा, कोटा, बूंदी, छाबड़ा, जयपुर, बारां, टोंक से पुरस्कार लेने आये | इस अवसर पर संस्था की राज्य अध्यक्ष हनी सक्सेना, योगेश शर्मा, रितिका वर्मा का विशेष सहयोग रहा |

